संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय राँची का मनाया गया गोल्डेन जुबली
गुरुवार, अप्रैल 23, 2026, राँची: आज संत अन्ना धर्मसंघ द्वारा संचालित संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय के 50वर्षों का गोल्डन जुबिली मनाया गया। इस पावन उपलक्ष्य पर महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद की अगुवाई में समारोही धन्यवादी मिस्सा बलिदान अर्पित किया गया। इस गोल्डेन जुबली के मुख्य अतिथि झारखंड के कृषि एवं पशु पालन मंत्री श्रीमति नेहा शिल्पी तिर्की जी रहीं।
आज संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय राँची के लिए स्वर्णिम एवं ऐतिहासिक दिन रहा क्योंकि आज संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय राँची के 50 वर्षों का गोल्डन जुबली मनाया गया। इस अवसर पर राँची काथलिक महाधर्मप्रांत के महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद ने समारोही मिस्सा बलिदान अर्पित किया। उन्होंने अपने धर्मोपदेश में कहा कि "जुबली मनाना सिर्फ़ मौज करना एवं स्वार्थ पूर्ण आनंद मानना नहीं बल्कि दूसरों के प्रति निः स्वार्थ की भावना रखना एवं गरीबों तथा जरूरतमंदो के प्रति सहानुभूति प्रदर्शित करना है।" साथ ही उन्होंने संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय के गोल्डेन जुबली के शुभावसर पर विद्यालय के समाज के प्रति समर्पण की भावना की सराहना भी किया। मिस्सा बलिदान के समाप्ति पर इस स्वर्णिम अवसर को और अधिक भव्य बनाने के लिए उच्च कोटि का सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति की गई। मुख्य अतिथि का स्वागत झारखंड की गरिमा पैंकी नाच द्वारा किया गया। विभिन्न विशिष्ट अतिथियों ने विद्यालय के स्वर्ण जयंती की शुभकामनाएं एवं बधाईयां दी। सांस्कृतिक कार्यक्रम में नन्हें मुन्हें बच्चों ने सभी का मन मोह लिया। श्रीमति नेहा शिल्पी तिर्की जी ने भी अपने संबोधन में विद्यालय के समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि 50वर्षों के इस लंबी सफर को सिर्फ आज के उत्सव में पिरोना संभव नहीं है किन्तु उत्सव मनाना एवं आनंद मनाना उचित है क्योंकि यह उत्सव इस विद्यालय की सफ़लता का उजागर करता रहेगा। राँची येसु धर्मसंघ के प्रोविंशियल फ़ाo अजित कुमार खेस ने भी अपने जीवन में असफलताओं से हिम्मत न हारते हुए आगे बढ़ते रहने का संदेश दिया। महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद ने अपने संबोधन में कहा कि "विद्यालय न सिर्फ बच्चों में किताबी ज्ञान देता रहा है बल्कि छात्राओं में व्यवहारिक ज्ञान एवं जिम्मेदार नागरिक बनाने में योगदान देता रहा है।" उन्होंने छात्राओं के चहुंविकास में अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करने का संदेश भी दिया। इस अवसर पर विद्यालय जुड़े सेवानिवृत्त शिक्षकगण, सेवानिवृत प्रधानाध्यापिकाओं, परिसर में उपस्थित प्रधानाध्यापकों का शोल ओढ़ा कर एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। साथ ही मेधावी छात्राओं को छात्रवृत्ति भी प्रदान किया गया।
यह जुबली संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय राँची के लिए मील का पत्थर साबित हुआ। यह चिरकाल तक इस बात का स्मरण कराता रहेगा कि विद्यालय ने अपने संघर्षों से पार कर एक उच्च स्तर की सफलता प्राप्त की है। इस विद्या के मंदिर में छात्राओं ने न सिर्फ अपने व्यक्तिगत जीवन को सावरा है बल्कि देश और समाज का नाम भी ऊंचा किया है।
संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय राँची के गोल्डेन जुबली के उपलक्ष्य पर महाधर्माध्यक्ष विंसेंट आईंद के अलावा, झारखंड के कृषि एवं पशु पालन मंत्री श्रीमति नेहा शिल्पी तिर्की जी, श्रीo सीo पीo सिंह, राँची येसु धर्मसंघ के प्रोविंशियल फ़ाo अजित कुमार खेस, टीo ओo आरo धर्मसंघ के प्रोविंशियल फ़ाo मनोज वेंगतनाम, राँची काथलिक महाधर्मप्रांत के वीo जीo फ़ाo आनंद डेविड खलखो, संत अन्ना बालिका उच्च विद्यालय राँची की प्रधानाध्यापिका डॉo सिo सेलिन बाड़ा, अन्य अथितिगण, पुरोहितगण, धर्मबहनें, विद्यालय की छात्राएं एवं माता पिता उपस्थित रहे।